अमित शाह ने गांधीनगर से विजय मुहूर्त में भरा नामांकन
30 साल से संभाली है कुर्सी
ट्राइबल टुडे
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार के रूप में शुक्रवार को गांधीनगर सीट से अपना नामांकन पत्र भरा। श्री शाह ने विजय मुहूर्त में अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि उनके लिए बड़ा गौरव का विषय है कि जिस सीट का प्रतिनिधित्व श्रद्धेय लालकृष्ण आडवाणी, श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी ने किया, जिस सीट पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मतदाता हैं, उस सीट को प्रतिनिधित्व करने का मौका भारतीय जनता पार्टी ने उन्हें दिया है।
उन्होंने कहा कि वह इस सीट पर से 30 साल से विधायक, सांसद रहे हैं। यहीं से बहुत छोटे से बूथ के कार्यकर्ता से संसद तक पहुंचे हैं। इस क्षेत्र की जनता ने उन्हें अपार प्रेम दिया है और श्री मोदी के नेतृत्व में पहले मुख्यमंत्री के नाते और बाद में प्रधानमंत्री के नाते इस क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी की सरकारों ने ढेर सारे काम किए हैं। इस पांच साल के अंदर 22 हजार करोड़ से ज्यादा के विकास के कार्य गांधीनगर लोकसभा क्षेत्र में हुए। उल्लेखनीय है कि कांग्रेस ने केंद्रीय गृह मंत्री के खिलाफ सोनल पटेल को उम्मीदवार बनाया है। गांधीनगर लोकसभा सीट भाजपा का गढ़ रही है। इस निर्वाचन क्षेत्र में गांधीनगर उत्तर, कलोल, घाटलोदिया, साबरमती, वेजलपुर, साणंद और नारणपुरा विधानसभा शामिल हैं। नामांकन पत्र दाखिल करने की अंतिम तिथि 19 अप्रैल है और राज्य की सभी 26 लोकसभा सीटों के लिए सात मई को
मतदान होगा।
आरोप निराधार, आरक्षण से नहीं होने देंगे छेड़छाड़
नामांकन पत्र दाखिल करने के बाद केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि विपक्ष के आरोप निराधार हैं, हम आरक्षण से छेड़छाड़ नहीं होने देंगे। बहुमत का दुरुपयोग करने की परंपरा किसी पार्टी की रही है, तो वह केवल कांग्रेस की रही है। इंदिरा गांधी ने बहुमत का दुरुपयोग एमर्जेंसी लगाने में किया था, लोकतंत्र का गला घोंटने के लिए किया था। कांग्रेस बार-बार भाजपा पर संविधान बदलने का आरोप लगा रही है। इस पर अमित शाह ने साफ किया कि भाजपा कभी ऐसा नहीं करेगी और न करने देगी।
