उद्योगों को बड़ा झटका, 1200 फीसदी बढ़ा इन्फ्रास्ट्रक्चर डिवेल्पमेंट चार्ज
हिमाचल सरकार ने प्रति केवीए 200 से बढ़ाकर 2500 रुपए किया आईडीसी, चार्ज बढऩे से बीबीएन के उद्योग संघों में मची खलबली
संवाददाता विनोद ठाकुर ट्राइबल टुडे,
हिमाचल में मुश्किल दौर से गुजर रहे उद्योगों को प्रदेश सरकार ने एक और झटका दे दिया है। प्रदेश सरकार ने विद्युत इन्फ्रास्ट्रक्चर डिवेल्पमेंट चार्ज (आईडीसी) में 1200 फीसदी तक की वृद्धि कर दी है। अब आईडीसी को 200 रुपए प्रति केवीए की मानक दर से बढ़ाकर 2,500 रुपए प्रति केवीए कर दिया गया है। ये दरें उद्योग द्वारा लिए गए नए बिजली कनेक्शन के लिए लागू हैं और विस्तार करने वाले मौजूदा उद्योगों पर भी लागू होंगी। प्रदेश सरकार के इस फरमान ने उद्योग जगत में खलबली मचा दी है। औद्योगिक संगठनों ने इस बढ़ोतरी को तत्काल वापस लेने की मांग की है। बीबीएन उद्योग संघ सहित अन्य उद्योग संघों ने इस निर्णय को औद्योगिक विकास के रास्ते का बड़ा रोड़ा करार देते हुए कहा कि इस तरह के निर्णय से हिमाचल में नया निवेश तो दूर, मौजूदा उद्योग भी पलायन को विवश हो जाएंगे। बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के अध्यक्ष राजीव अग्रवाल ने कहा कि बुनियादी ढांचा विकास शुल्क को 1,200 फीसदी बढ़ाना राज्य में नए निवेश के लिए बाधक साबित होगा और मौजूदा उद्योग भी आगे विस्तार करने से पहले कई बार सोचेगा। एक तरफ हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटेड सुचारू विद्युत आपूर्ति नहीं कर पा रहा है।
उद्योगों को कई-कई घंटे के कट झेलने पड़ रहे हैं और दूसरी तरफ आईडीसी में बढ़ोतरी जैसे कदम उठाकर उद्योगों को हिमाचल से बाहर जाने के लिए मजबूर किया जा रहा है।
