एक महीने में चार करोड़ की साइबर ठगी, ऑनलाइन ट्रेडिंग-आईपीओ-ब्लॉक चैन इन्वेस्टमेंट के नाम पर ठग रहे शातिर
संवाददाता विनोद ठाकुर ट्राइबल टुडे,
हिमाचल प्रदेश में साइबर ठगों ने पिछले एक माह में चार करोड़ से अधिक राशि लोगों से ठगी है। दिन-प्रतिदिन देश व प्रदेश में साइबर अपराध के मामलों में अप्रत्याशित वृद्धि हो रही है। साइबर ठग प्रदेश के भोले-भाले लोगों झांसे में फंसा कर ठग रहे हैं।
साइबर अपराधी अपने साइबर अपराध के तरीकों को अकस्सर बदलते रहते है। ऑनलाइन ट्रेडिंग के मामलों में करीब पिछले एक माह में साइबर के तीनों रेंज थानों में चार करोड़ से ज्यादा की वित्तीय धोखाधड़ी हुई है। डीआईजी मोहित चावला ने बताया कि पिछले कुछ महीनों के दौरान हिमाचल प्रदेश के साइबर थानों में जो मामले पंजीकृत हुए हैं उनमें मुख्य रूप से ऑनलाइन ट्रैडिंग के माध्यम से पीडि़त को निवेश करवा कर अत्यधिक लाभ का झांसा देते है तथा निवेश के लिए प्रेरित करते हैं। डीआईजी ने बताया कि सर्वप्रथम साइबर अपराधी पीडि़त का मोबाइल नंबर सोशल मीडिया से हासिल करके उनसे संपर्क करते है और फोन के माध्यम से पीडि़त को अपने व्यवसाय और उसके फायदों के बारे में अवगत करवाते हैं।
तत्पश्चात पीडि़त को किसी टेलीग्राम या व्हाट्सऐप ग्रुप में शामिल करते हैं और पीडि़त का अलग से ट्रैडिंग अकाउंट वॉलेट बनाते हैं व टाटा इन्वेस्टमेंट क्लब, सीआईएनवी ट्रैडिंग कंपनी आदि और अपने तथा कथित ट्रैडिंग कंपनी की मान्यता बारे जाली कागजात दिखाकर भरोसा देते हैं, जिससे पीडि़त विश्वशत हो जाता है और शुरुआत 5:10 हजार रुपए के निवेश से करता है तथा उस निवेश पर अगले एक दो दिनों में अच्छा लाभ दिखता है और एक-दो बार कुछ मुनाफे का निकासन कर लेते हैं और फिर ज्यादा निवेश करने के लिए प्रेरित होते रहते हैं, लेकिन बाद में जब निकासन के लिए कोशिश करते हैं
