Monsoon Session: सदन में सुनाई देगी मानसून की गूंज
नेता प्रतिपक्ष सहित पांच सदस्यों ने मांगी बरसात में हुए नुकसान पर विस्तृत चर्चा
विनोद ठाकुर ट्राइबल टुडे
हिमाचल विधानसभा का मानसून सत्र 27 अगस्त से नौ सितंबर तक होना है और यह बरसात और इसके नुकसान पर केंद्रित रहने वाला है। नेता प्रतिपक्ष समेत पांच विधायकों ने मानसून से अब तक हुए नुकसान और इसकी भरपाई पर सवाल उठाए हैं। दरअसल, नियम-130 के तहत विधानसभा में चर्चा मांगी गई है और यह चर्चा सत्र के पहले दिन शुरू होने वाली है। नियम-130 के तहत इस चर्चा में प्रदेश में भारी बरसात, आपदा के कारण जनमानस को हुए नुकसान, सडक़ों, पुलों, घरों, फसलों, सरकारी भवनों, निजी भूमि, पेयजल और सिंचाई योजना को हुए नुकसान पर सदन में विचार रखे जाएंगे। नियम 130 के तहत सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ही मानसून को लेकर अपनी-अपनी प्रतिक्रिया देंगे। इस बार अभी तक राज्य को करीब 1200 करोड़ रुपए से ज्यादा का नुकसान दर्ज हो चुका है।
इससे पहले बीते साल आपदा के दौरान आयोजित किए गए मानसून सत्र में भी नुकसान की गूंज सदन में सुनाई दी थी। इस बार नियम-130 के तहत नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के अलावा विधायक चंद्रशेखर, अनुराधा राणा, लोकेंद्र कुमार और सुरेंद्र शौरी ने मानसून में हुए नुकसान और राज्य सरकार की तरफ से उठाए गए कदमों को लेकर चर्चा का प्रस्ताव सौंपा है। इस सत्र में बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 (2007 का अधिनियम संख्याक छह) का और अधिक संशोधन करने विधेयक पर विचार किया जाएगा। सरकार ने लड़कियों की विवाह की उम्र को 21 साल करने का फैसला किया है। मानसून सत्र में विधेयक के पारित होते ही यह कानून बन जाएगा। स्वास्थ्य मंत्री कर्नल धनी राम शांडिल इस प्रस्ताव को सदन में रखेंगे और विधेयक को पारित करने का भी प्रस्ताव करेंगे। मानसून सत्र में कुल दस बैठकें होंगी।
आज होगी भाजपा विधायक दल की बैठक
विधानसभा सत्र से ठीक पहले भाजपा विधायक दल की बैठक सोमवार को होगी। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर इस बैठक की अध्यक्षता करेंगे। सत्ता पक्ष को घेरने की रणनीति इस बैठक में बनाई जाएगी। भाजपा के पास अब तीन नए विधायक हैं। भाजपा विधायकों की संख्या 25 से बढक़र 28 हो गई है। सदन में इस बार कोई भी निर्देलीय या दूसरे किसी दल का विधायक नहीं होगा।
मोबाइल लाने पर बैन
हिमाचल विधानसभा में मोबाइल ले जाने पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध रहेगा। इसके अलावा विधानसभा की सुरक्षा में 560 जवानों को तैनात किया गया है। इनमें 60 होमगार्ड के जवान भी शामिल हैं। विधानसभा परिसर में सत्र के दौरान एक एंबुलेंस भी डाक्टर के साथ विधानसभा परिसर में तैनात रहेगी। आगंतुक और स्कूली बच्चे विधानसभा सचिवालय से जारी पास मिलने के उपरांत विधानसभा के मानसून सत्र की कार्रवाई देख सकेंगे।
800 से ज्यादा सवाल
विधानसभा के मानसून सत्र में करीब 800 सवाल गूंजने वाले हैं। इनमें 600 तारांकित और करीब 200 सवाल अतारंकित पूछे गए हैं। इनमें से विधानसभा सत्र के पहले दिन 27 अगस्त को कुल 42 सवालों पर चर्चा होगी। इनमें से 25 सवाल तारांकित और 17 सवाल अतारंकित तौर पर लगे हैं। ज्यादातर सवाल विधायकों ने अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़ी समस्याओं के ही उठाए हैं। विधानसभा में सवाल ऑनलाइन माध्यम से पूछे गए हैं।
पहले दिन नियम-62 के तहत गूंजेंगे मुद्दे
मानसून सत्र में नियम-62 के तहत भी दो अहम मसलों पर चर्चा होने वाली है। विधायक चंद्रशेखर ने हमीरपुर-मंडी नेशनल हाइवे की हालत और नेशनल हाइवे के निर्माण से सिंचाई योजनाओं के प्रभावित होने और घरों को पहुंचे नुकसान के संबंध में अपनी बात सदन में रखेंगे, जबकि इसी नियम में विधायक विपिन सिंह परमार नगरोटा बगवां के ट्रांसपोर्टर से करोड़ों रुपए की ठगी के मामले में आरोपी को गिरफ्तार न करने पर सदन का ध्यान आकर्षित करने के लिए प्रस्ताव रखेंगे। इन दोनों मामलों पर सदन में बड़ी बहस होने की संभावना है। दोनों विषय 27 फरवरी मंगलवार को सत्र के पहले दिन ही चर्चा में लाए जाएंगे।
मानसून सत्र पर आज होगी सर्वदलीय बैठक
मानसून सत्र से पहले विधानसभा अध्यक्ष ने दोनों दलों के नेताओं की संयुक्त बैठक आज होगी। विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप पठानिया इस बैठक की अध्यक्षता करेंगे। बैठक में संसदीय कार्य मंत्री हर्षवर्धन चौहान, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर, सीपीएस मोहन लाल ब्राक्टा, उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया, सदस्य सुखराम चौधरी और विनोद कुमार शामिल होंगे। विधानसभा अध्यक्ष सत्र के सुचारू संचालन और रचनात्मक सहयोग के लिए विधानसभा सचिवालय में दोनों दलों से चर्चा करेंगे। विधानसभा में सिर्फ दो दलों के सदस्य ही चुन कर आए हैं। ऐसे में इस बैठक में दोनों ही दलों के सदस्य मौजूद रहेंगे।
