कथेड़ में परियोजना निर्माण के लिए की जा रही ब्लास्टिंग बनी मुसीबत घरों में आई दरारें
जनजातीय क्षेत्र भरमौर में निर्माणाधीन कुठेड़ हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट की टनल निर्माण के लिए की जरही ब्लास्टिंग ग्राम पंचायत चन्हौता के दो गांवो के लोगों के लिए मुसीबत बन गई है परियोजना निर्माण के लिए लगातार की जा रही ब्लास्टिंग के चलते ग्राम पंचायत चन्होता के कथेड़ और लूणी गांवो के करीब 40 घरों में बड़ी बड़ी दरारें आ गई जिसके चलते इन गांवों के ग्रामीण खौफ में जीने को मजबूर है उधर लोगों में कम्पनी प्रबंधकों के प्रति इस बात को लेकर खासा रोष है कि कम्पनी प्रबंधक घरों की मुरम्मत की बात कहकर यहां के लोगों के साथ मजाक कर रहे उनका कहना है कि जब घर की नींव ही नहीं बचेगी तो दरारों की लीपापोती का क्या औचित्य।
