चार दिन पहले केरल में दस्तक देगा मानसून, इस बार सामान्य से अधिक बारिश की संभावना
मानसून को लेकर अच्छी खबर सामने आई है। मौसम विभाग के अनुसार इस साल देश में मानसून तय समय से चार दिन पहले दस्तक दे सकता है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने शनिवार को बताया कि दक्षिण-पश्चिम मानसून 27 मई को केरल के तट पर पहुंचेगा, जबकि सामान्यतः यह 1 जून को आता है। अगर ऐसा होता है, तो यह 2009 के बाद पहली बार होगा जब मानसून इतनी जल्दी भारत पहुंचेगा। मौसम विभाग का कहना है कि अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में मानसूनी बारिश 13 मई तक शुरू हो सकती है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अप्रैल में 2025 के मानसून के लिए सामान्य से अधिक वर्षा की संभावना जताई है और अल नीनो की स्थिति को खारिज किया है, जो आमतौर पर भारतीय उपमहाद्वीप में वर्षा में कमी से जुड़ी होती है।
बता दें कि भारत में सालभर की कुल बारिश का लगभग 70% हिस्सा मानसून के दौरान होता है। देश के 70% से 80% किसान फसलों की सिंचाई के लिए बारिश पर निर्भर रहते हैं। इसलिए मानसून की स्थिति का फसल उत्पादन और महंगाई पर सीधा असर पड़ता है। अगर मानसून कमजोर रहता है तो पैदावार घट सकती है, जिससे महंगाई बढ़ने की आशंका होती है। भारत की अर्थव्यवस्था में कृषि क्षेत्र की हिस्सेदारी करीब 20% है और यह देश की आधी आबादी को रोजगार देता है। अगर मानसून अच्छा रहता है तो किसानों की आमदनी बढ़ सकती है, खासकर फेस्टिव सीजन से पहले। इससे उनकी खर्च करने की क्षमता बढ़ती है, जो देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देती है।
