Himachal Pradesh

एक ही जगह होंगे प्री-स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र

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शिक्षा सचिव की अध्यक्षता में सरकार ने बनाई ज्वाइंट कमेटी
हिमाचल में प्री-स्कूल एजुकेशन और आंगनबाड़ी पोषण आहार की व्यवस्था को-लोकेशन के आधार पर चलेगी। यानी इन दोनों विभागों के संस्थानों को एक ही जगह लाने की कोशिश हो रही है। भारत सरकार से मिले ऐसे निर्देशों के बाद राज्य सरकार ने शिक्षा सचिव की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाई है। इसमें कुल 10 मेंबर जोड़े गए हैं। शिक्षा विभाग के अलावा महिला एवं बाल विकास विभाग तथा अनूसुचित जाति, ओबीसी, अल्पसंख्यक और विशेष रूप से सक्षम व्यक्तियों के सशक्तिकरण विभाग यानी ईसोमसा को भी इसका हिस्सा बनाया गया है। राज्य सरकार की ओर से बनाई गई संयुक्त समिति में शिक्षा सचिव राकेश कंवर अध्यक्ष होंगे, जबकि सेक्रेटरी सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मेंबर बनाए गए हैं। ईसोमसा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग और उच्च शिक्षा विभाग के निदेशक इस कमेटी में मेंबर होंगे।
समग्र शिक्षा के स्टेट प्रोजेक्ट डायरेक्टर और ज्वाइंट सेके्रटरी एजुकेशन के साथ-साथ ज्वाइंट सेक्रेटरी सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता भी सदस्य होंगे, जबकि एडिशनल डायरेक्टर स्कूल एजुकेशन को मेंबर सेक्रेटरी बनाया गया है। नोटिफिकेशन के अनुसार इस कमेटी को अर्ली चाइल्डहुड केयर एंड एजुकेशन सिस्टम को राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुसार हिमाचल में समयबद्ध तरीके से लागू करना है। इस स्कीम को लागू करने के लिए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर या ज्वाइंट डेक्लेरेशन और जरूरी गाइडलाइन भी बनानी होगी। यह काम इस कमेटी को एक महीने के अंदर करना है।
आंगनबाड़ी केंद्रों में 2.85 लाख लाभार्थी एनरोल
हिमाचल में 18925 आंगनबाड़ी केंद्र हैं। इनमें 386 मिनी आंगनबाड़ी केंद्र बचे हैं,