प्रधानमंत्री के आरोपों का जवाब देने कठुआ जाएंगे मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सूक्खू
संदीप भारद्वाज ट्राइबल टुडे
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू जम्मू-कश्मीर में प्रचार में उतरने वाले हैं। वह रविवार को बणी विधानसभा क्षेत्र में जनसभा को संबोधित करेंगे। बणी विधानसभा क्षेत्र डलहौजी से सटा हुआ है। यहां कांग्रेस ने काजल राजपूत को अपना उम्मीदवार बनाया है। बणी राजपूत बाहूल क्षेत्र है और यहां 41 प्रतिशत राजपूत रहते हैं। मुख्यमंत्री के बणी दौरे से ठीक पहले कांग्रेस की टीम विधानसभा क्षेत्र में सक्रिय हो गई है।
कांग्रेस एआईसीसी के समन्वयक हरिकृष्ण हिमराल बणी में प्रचार की कमान पहले ही संभाल चुके हैं। कांग्रेस हाईकमान ने जिन छह नेताओं की सूची प्रचार के लिए जारी की थी, उसमें हरिकृष्ण हिमराल का नाम भी शामिल था। गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर के हिमाचल से सटे जिलों में राज्य का खूब प्रभाव है। इस क्षेत्र की ज्यादातद हिंदू आबादी की भगवान शिव में गहरी आस्था है और हर साल यहां से मणिमहेश यात्रा में सैकड़ों लोग हिमाचल पहुंचते हैं। इस बार मणिमहेश यात्रा में डोडा, किश्तवाड़ और कठुआ से हजारों यात्री हिमाचल पहुंचे थे। यहां उनके पड़ाव और यात्रा के तमाम इंतजाम राज्य सरकार के हाथ में थे। अब प्रदेश से लौटने के बाद यह सभी लोग हिमाचल और यहां की कांग्रेस सरकार को लेकर सजग हो गए हैं।
कांग्रेस इसी क्रम में अब सरकार के प्रबंधों के आधार पर जम्मू-कश्मीर में वोट मांगने की तैयारी में है। इससे पूर्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी प्रचार के दौरान मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पर निशाना साधा था। प्रधानमंत्री ने कहा था कि हिमाचल छोटा सा राज्य है और यहां हर कोई सडक़ पर है। बिजली, पानी और सडक़ ठप हैं। कर्मचारियों को वेतन देने के लिए पैसे नहीं हैं। युवाओं की भर्तियां बंद पड़ी हैं। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस बयान का जवाब भी देंगे। हरिकृष्ण हिमराल ने बताया कि बणी में मुख्यमंत्री की जनसभा 22 सितंबर को होनी है। इस जनसभा में भारी भीड़ जुटाने के लिए स्थानीय स्तर पर कांग्रेसी नेता और कार्यकारिणी पूरी सक्रियता के साथ काम कर रही है। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर में दस साल बाद चुनाव होने जा रहे हैं। ऐसे में इस क्षेत्र में लोगों की भागीदारी इस चुनाव में ज्यादा होने की संभावना है।
