मां दुर्गा के पाठ से कभी समाप्त नहीं होता पुण्य
मंडी में श्रीकुमार स्वामी ने प्रवचनों से निहाल किए श्रद्धालु
संवाददाता विनोद ठाकुर ट्राइबल टुडे,
मां दुर्गा एक पल में ही असंख्य पृथ्वी, सूरज, चांद, तारे, ग्रह, उपग्रह बनाती है और नष्ट भी कर देती है। मां दुर्गा की इच्छा से ही ब्रह्मा, विष्णु, महेश सृष्टि का सूजन पालन और संहार करते हैं। यदि भगवान शिव एक पल भी समाधि तोड़ दें तो इस सृष्टि में प्रलय आ जाएगी। भगवान नारायण की यदि योग निद्रा में बाधा आ जाए तब भी सृष्टि में प्रलय आ जाएगी। मां भगवती ने ही इन्हें अपनी शक्तियां प्रदान की हैं जिसकी सहायता से यह तीनों अपना कार्य करते हैं, ऐसा देवी भागवत में वर्णित है। ये उद्गार महाब्रह्मर्षि श्रीकुमार स्वामी जी ने पड्डल ग्राउंड में आयोजित प्रभु कृपा दुख निवारण समागम में श्रद्धालुओं से खचाखच भरे पंडाल में व्यक्त किए। इस समागम में महाब्रह्मर्षि श्रीकुमार स्वामी जी ने अवधान के माध्यम से श्रद्धालुओं को तत्क्षण दुख निवारण की कृपा प्रदान की। मां दुर्गा के अवधान के अनुभवों को देखकर सभी हैरान थे। किसी ने स्वप्न में भी नहीं सोचा था कि कुछ मिनट के अवधान से जो लोग अवसाद, तनाव, चिंता, उच्च व निम्न रक्तचाप तथा अन्य रोगों से ग्रस्त रहते थे वे इस अवधान को करने के बाद खुशी से झूमने लगेंगे। समागम में धार्मिक राजनीति और सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने प्रभु कृपा ग्रहण की। समागम में हिमाचल प्रदेश के अलावा आसपास के राज्यों से भी भारी संख्या में श्रद्धालु भाई-बहनों ने आकर मां दुर्गा की कृपा ग्रहण की। मां दुर्गा के परम शक्तिशाली पाठ को ग्रहण करने के लिए श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। समागम में आए श्रद्धालुओं के लिए अनवरत रूप से लंगर चलता रहा।
