90 किलोमीटर सड़क के रखरखाब का जिम्मा एक अधिकारी के पास
भरमौर:मौसम की दुश्वारियों के बीच लोक निर्माण विभाग के होली सब डिवीजन की
मजबूरियों को शायद ही किसी ने समझा। बारिश के बाद तहस-नहस हुई सडकों को
खोलने का दबाव और कहीं ना कहीं जनता के दर्द को यहां तैनात कनिष्ठ
अभियंता ने खूब समझा है। यहीं बजह है कि उपमंडल की 90 किलोमीटर सडक और 25
कि.मी खच्चर रोड को चकाचक रखने के लिए यहां तैनात इकलौते कनिष्ठ अभियंता
वन मैन आर्मी साबित हो रहे है। अपनी टीम सहित सुबह छह बजे से पांच बजे के
बाद भी होली में तैनात कनिष्ठ अभियंता सडकों को वाहनों की आवाजाही के लिए
बहाल करने में जुटे रहे। जिसका नतीजा यह रहा है कि होली तक की सडक को बडे
वाहनों के लिए बहाल कर दिया है। जबकि कुलेठ घार में फंसे दर्जनों वाहनों
को निकालने के साथ-साथ लाके वाली माता मंदिर तक पहंुचने की भक्तों की राह
भी आसान कर दी है। लिहाजा लोक निर्माण विभाग के होली उपमंडल में तैनात
कनिष्ठ अभियंता हेमराज ठाकुर के जज्बे को घाटी की जनता सलाम ठोंक खूब
प्रशंसा भी कर रही है।
बता दें कि लोक निर्माण विभाग के होली
उपमंडल में अधीन कुल 90 किलोमीटर सडक है। जिसमें वाहन दौडते है। जबकि 25
किलोमीटर रास्ता खच्चर योग्य है। इनकी देखरेख के लिए सरकार ने यहां पर
कनिष्ठ अभियंताओं के कुल चार पद स्वीकृत किए हुए है। हैरत की बात है कि
मौजूदा समय में यहां पर पूरे सब डिवीजन में एकमात्र कनिष्ठ अभियंता है और
वह पूरी सडकों के साथ-साथ खच्चर रोड को दुरूस्त रखने का जिम्मा संभाले
हुए है। उल्लेखनीय है कि जनजातीय उपमंडल भरमौर की होली घाटी में गत दिनों
मूसलाधार बारिश और नदी नालों के उफान पर आने के चलते सडकों को भारी
नुक्सान पहंुचा था और इन पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से ठप्प पडी हुई
थी। नतीजतन बारिश के बीच पीडब्लयूडी के कनिष्ठ अभियंता हेमराज ठाकुर अपनी
टीम के साथ सडकों की बहाली के कार्य में जुट गए
मौसम की दुश्वारियों के बीच लोक निर्माण विभाग के होली सब डिवीजन की
मजबूरियों को शायद ही किसी ने समझा। बारिश के बाद तहस-नहस हुई सडकों को
खोलने का दबाव और कहीं ना कहीं जनता के दर्द को यहां तैनात कनिष्ठ
अभियंता ने खूब समझा है। यहीं बजह है कि उपमंडल की 90 किलोमीटर सडक और 25
कि.मी खच्चर रोड को चकाचक रखने के लिए यहां तैनात इकलौते कनिष्ठ अभियंता
वन मैन आर्मी साबित हो रहे है। अपनी टीम सहित सुबह छह बजे से पांच बजे के
बाद भी होली में तैनात कनिष्ठ अभियंता सडकों को वाहनों की आवाजाही के लिए
बहाल करने में जुटे रहे। जिसका नतीजा यह रहा है कि होली तक की सडक को बडे
वाहनों के लिए बहाल कर दिया है। जबकि कुलेठ घार में फंसे दर्जनों वाहनों
को निकालने के साथ-साथ लाके वाली माता मंदिर तक पहंुचने की भक्तों की राह
भी आसान कर दी है। लिहाजा लोक निर्माण विभाग के होली उपमंडल में तैनात
कनिष्ठ अभियंता हेमराज ठाकुर के जज्बे को घाटी की जनता सलाम ठोंक खूब
प्रशंसा भी कर रही है। बता दें कि लोक निर्माण विभाग के होली
उपमंडल में अधीन कुल 90 किलोमीटर सडक है। जिसमें वाहन दौडते है। जबकि 25
किलोमीटर रास्ता खच्चर योग्य है। इनकी देखरेख के लिए सरकार ने यहां पर
कनिष्ठ अभियंताओं के कुल चार पद स्वीकृत किए हुए है। हैरत की बात है कि
मौजूदा समय में यहां पर पूरे सब डिवीजन में एकमात्र कनिष्ठ अभियंता है और
वह पूरी सडकों के साथ-साथ खच्चर रोड को दुरूस्त रखने का जिम्मा संभाले
हुए है। उल्लेखनीय है कि जनजातीय उपमंडल भरमौर की होली घाटी में गत दिनों
मूसलाधार बारिश और नदी नालों के उफान पर आने के चलते सडकों को भारी
नुक्सान पहंुचा था और इन पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से ठप्प पडी हुई
थी। नतीजतन बारिश के बीच पीडब्लयूडी के कनिष्ठ अभियंता हेमराज ठाकुर अपनी
टीम के साथ सडकों की बहाली के कार्य में जुट गए। चंूकि घाटी की ग्रामीण
सडकों पर ही सैकडों वाहन फंसकर रह गए थे। इनमें कुछ वाहन मालिक जिला
कांगडा से यहां सामाजिक समारोहों में शिरक्त करने पहंुचे थे। लिहाजा
कनिष्ठ अभियंता और उनकी टीम ने मौसम की परवाह ना करते हुए घाटी की सडकों
को यातायात हेतू बहाल कर दिया है। मौजूदा समय में होली उपमंडल के तहत
न्याग्रां-बजोल और बजोल से बडा भंगाल सडक बहाल करने का काम युद्वस्तर पर
चला हुआ है। कुल-मिलाकर बेरहम बरसात से होली घाटी की सडकों को मिले
जख्मों पर मरहम लगाने के लिए होली स्थित विभाग के कनिष्ठ अभियंता की
संवेदनशीलता और गंभीरता ने हजारों की आबादी की राह आसान कर दी है। ने हजारों की आबादी की राह आसान कर दी है।
